शेयर मार्केट में ‘एक और घोटाला’ सुचेता दलाल का ट्विट और शेयर बाजार क्रैश, क्यों गिर रहे हैं अडानी की कंपनियों के शेयर?

gautam-adani-companies-share-fall-sharply-after-nsdl-frozen-3-fpi-accounts-its-shares-faces-lower-circuit Gautam Adani Shares Big Fall: गौतम अडानी (Gautam Adani) की हर कंपनी के शेयर (Share of Adani) आज लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं। हालात ये हैं कि उनकी 6 में से 5 कंपनियों में तो लोअर सर्किट (Lower Circuit) भी लग गया है। कुछ कंपनियों में तो एक से अधिक बार भी लोअर सर्किट लग गया है। ये सब हो रहा है एनएसडीएल (NSDL) की कार्रवाई के बाद।

मुंबई- Gautam Adani Shares Big Fall: आज का दिन भारत और एशिया के दूसरे सबसे बड़े रईस गौतम अडानी (Gautam Adani) के लिए किसी काले दिन से कम नहीं है। उनकी कंपनियों के शेयर ताश के पत्तों की तरह ढेर हो रहे हैं। उनकी हर कंपनी के शेयर लाल निशान (Share Market Latest Update) में कारोबार कर रहे हैं। कई ऐसी भी कंपनियां हैं, जिनमें लोअर सर्किट (Lower Circuit) तक लग गया है। बाजार खुलते ही अडानी एंटरप्राइज (Adani Enterprise) के शेयर 10 फीसदी गिर गए, जिससे ओअर सर्किट लग गया और कुछ देर बाद अडानी ग्रीन (Adani Green) में भी लोअर सर्किट लग गया। सवाल उठता है कि आखिर ऐसा क्यों हो रहा है, आइए आपको बताते हैं।

क्यों गिर रहे हैं अडानी की कंपनियों के शेयर?

इस भारी गिरावट की वजह है एनएसडीएल (NSDL) की तरफ से हुई कार्रवाई। नेशनल सिक्योरिटीजी डिपॉजिटरी लिमिटेड (National Securities Depository Ltd) ने तीन विदेशी फंड्स Albula Investment Fund, Cresta Fund और APMS Investment Fund के अकाउंट्स फ्रीज कर दिए हैं। इनके पास अडानी ग्रुप की 4 कंपनियों के 43,500 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के शेयर हैं। NSDL की वेबसाइट के मुताबिक इन अकाउंट्स को 31 मई को या उससे पहले फ्रीज किया गया था।

किस कंपनी में आई कितनी गिरावट?

  • अडानी एंटरप्राइज- बाजार खुलते ही अडानी के इस शेयर ने 10 फीसदी की गिरावट के साथ लोअर सर्किट छू लिया। कुछ देर बाद शेयर में कारोबार फिर शुरू हुआ, लेकिन फिर 5 फीसदी की गिरावट आई और दोबारा लोअर सर्किट लग गया।
  • अडानी ग्रीन्स- बाजार खुलने के कुछ ही देर बाद अडानी ग्रीन्स के शेयर 5 फीसदी तक गिर गए और लोअर सर्किट लग गया।
  • अडानी टोटल गैस- ये शेयर भी लोअर सर्किट से नहीं बच सका। बाजार खुलने के कुछ ही देर में शेयर में 5 फीसदी की गिरावट आई और लोअर सर्किट लग गया।
  • अडानी ट्रांसमिशन- बाजार खुलने के कुछ ही देर में इस में भी 5 फीसदी की गिरावट आई और लोअर सर्किट लग गया।
  • अडानी पावर- इसमें भी 5 फीसदी की गिरावट आई और लोअर सर्किट लग गया।
  • अडानी पोर्ट्स- सुबह 9.40 तक इस शेयर में भी 17 फीसदी से अधिक की गिरावट आ गई, यानी कुछ ही देर में इसमें भी लोअर सर्किट लगने की पूरी आशंका है।

अकाउंट फ्रीज होने का मतलब समझिए

एक अधिकारी ने बताया कि अमूमन कस्टोडियन अपने क्लाइंट्स को इस तरह की कार्रवाई के बारे में आगाह कर देते हैं लेकिन अगर फंड इस बारे में जवाब नहीं देता है या इसका पालन नहीं करता है तो अकाउंट्स को फ्रीज किया जा सकता है। अकाउंट फ्रीज करने का मतलब है कि फंड न तो कोई मौजूदा सिक्योरिटीज बेच सकता है और न ही नई खरीद सकता है। इस बारे में एनएसडीएल, सेबी और अडानी ग्रुप को भेजे गए ईमेल का कोई जवाब नहीं आया। Albula Investment Fund, Cresta Fund और APMS Investment Fund से संपर्क नहीं हो पाया। ये तीन फंड सेबी में विदेशी पोर्टफोलियो इनवेस्टर्स के तौर पर रजिस्टर्ड हैं और मॉरीशस से अपना कामकाज चलाते हैं। ये तीनों का पोर्ट लुई में एक ही पते पर रजिस्टर्ड हैं और इनकी कोई वेबसाइट नहीं है

पिछले एक साल में इन कंपनियों के शेयरों में 200 से 1000 फीसदी तक की उछाल आई है। मामले के एक जानकार ने कहा कि सेबी ने 2020 में इस मामले के जांच शुरू की थी जो अब भी चल रही है।

यह है सुचिता दलाल का ट्विट

मुंबई: 1992 में हर्षद मेहता के घोटाले का पर्दाफाश करने वाली पत्रकार सुचेता दलाल के एक वीट ने अटकलों को हवा दी है कि शेयर बाजार में उथल-पुथल हो सकती है। दो दिन पहले सुचेता दलाल ने कहा था कि एक और घोटाला हुआ है। उसके बाद मुंबई स्टॉक एक्सचेंज में भारी गिरावट आई। सुचेता दलाल ने यह नहीं बताया कि घोटाला क्या था। हालांकि, अदाणी समूह में निवेश किए गए तीन एफपीआई के शेयर फ्रिज गए हैं। इसका असर शेयर बाजार पर भी पड़ा है।

सुचेता ने द्वीट किया कि एक और घोटाला था जिसे उजागर करना मुश्किल था। यह सब सेबी के ट्रैकिंग सिस्टम की जानकारी से बाहर है। एक ग्रुप में बड़ा बदलाव हो रहा है। इसके लिए विदेशी कंपनियों को लगाया गया है। यह उनकी विशेषता है और अभी तक कुछ भी नहीं बदला है।

isha

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here