मुंबई- महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को विधानसभा में वर्ष 2026-27 का राज्य बजट पेश करते हुए ऑटोमोबाइल क्षेत्र और पर्यावरण के लिए एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। सरकार ने राज्य में प्रदूषण कम करने और पुराने वाहनों को सड़क से हटाने के लिए ‘स्क्रैपेज इंसेंटिव’ और ‘ग्रीन टैक्स’ का एक संतुलित फॉर्मूला पेश किया है।मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अपने बजट भाषण में स्पष्ट किया कि जो वाहन मालिक अपनी पुरानी और प्रदूषण फैलाने वाली गाड़ियों को कबाड़ (स्क्रैप) करने का विकल्प चुनेंगे, उन्हें नए वाहन की खरीद पर मोटर वाहन कर (Motor Vehicle Tax) में बड़ी राहत दी जाएगी। छूट का गणित उत्सर्जन मानकों (Emission Norms) पर आधारित है।पुराने वाहनों पर चलेगा टैक्स का हंटर
- टू-व्हीलर टैक्स 2000 से बढ़ाकर 4000 रुपए कर दिया गया है।
- लाइट मोटर व्हीकल (पेट्रोल) कार 3000 से बढ़ाकर 6000 रुपए कर दिया गया है।
- लाइट मोटर व्हीकल (डीज़ल) कार 3500 से बढ़ाकर 7000 रुपए कर दिया गया है।
- अभी, क्रेन वाली गाड़ियों पर 7% टैक्स लगता है। इसके बजाय, अब मोटर व्हीकल टैक्स की मैक्सिमम लिमिट, यानी 30 लाख कर दी गई है।
महाराष्ट्र स्टैम्प एक्ट सेक्शन 59, 60, 63 A और 68 A के तहत अगर कोई डॉक्यूमेंट कम स्टाम्प ड्यूटी पर जारी किया जाता है, तो दोषी पाए जाने पर सख्त सज़ा और जुर्माने का प्रावधान है। यह रकम 5000 से बढ़ाकर 1 लाख रुपए कर दी गई है।



