अकोला–खंडवा गेज परिवर्तन (GC) परियोजना के अंतर्गत एक महत्वपूर्ण चरण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। अमलाखुर्द–टुकाईथाड खंड में ताप्ती नदी पर स्थित पुल संख्या 627/1 के सुपरस्टक्चर का सफल गर्डर लॉन्चिंग कार्य संपन्न किया गया।इस पुल में 4 × 76.2 मीटर के RDSO मानक ओपन वेब गर्डर्स (OWG) लगाए गए हैं। फरवरी माह में उन्नत लॉन्चिंग नोज तकनीक का उपयोग करते हुए इन गर्डर्स को सुरक्षित और सफलतापूर्वक स्थापित किया गया। तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण इस कार्य को सूक्ष्म योजना और सावधानीपूर्वक क्रियान्वयन के माध्यम से पूरा किया गया, जिससे परियोजना की प्रगति को नई गति मिली है।
अमलाखुर्द–टुकाईथाड (12 किमी) खंड व्यापक अकोला–खंडवा गेज परिवर्तन परियोजना का हिस्सा है, जिसे EPC (Engineering, Procurement and Construction) अनुबंध के तहत क्रियान्वित किया जा रहा है। ताप्ती नदी पर गर्डर लॉन्चिंग की सफलता इस खंड की पूर्णता की दिशा में एक अहम कदम है।लॉन्चिंग नोज पद्धति के माध्यम से नदी के ऊपर गर्डर्स को सुरक्षित एवं दक्षतापूर्वक स्थापित किया गया, साथ ही RDSO मानकों और सभी सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया गया। यह उपलब्धि परियोजना से जुड़े अभियंताओं और कर्मचारियों के समर्पण, तकनीकी दक्षता और उत्कृष्ट समन्वय का प्रमाण है।
इस अवसर पर नांदेड मंडल के मंडल रेल प्रबंधक प्रदीप कामले ने कहा कि ताप्ती नदी पर ओपन वेब गर्डर्स का सफल लॉन्चिंग अकोला–खंडवा गेज परिवर्तन परियोजना की एक महत्वपूर्ण इंजीनियरिंग उपलब्धि है। उन्होंने इस कार्य में शामिल सभी अधिकारियों, अभियंताओं और कर्मचारियों को उनकी प्रतिबद्धता और उत्कृष्ट कार्य के लिए बधाई दी।परियोजना के पूर्ण होने के बाद क्षेत्रीय रेल संपर्क में उल्लेखनीय सुधार होगा, यातायात क्षमता बढ़ेगी और क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक विकास को नई दिशा मिलेगी।




